आत्मा योजना कृषि गोष्ठी: विधायक गोपाल खंडेलवाल ने कहा सरकारी योजनाओं का लाभ किसानों को पारदर्शिता से मिला
ललित चावला बिजौलिया | 25 Jun 2026
बिजौलिया। कृषि विभाग की आत्मा योजनांतर्गत पंचायत समिति सभागार बिजौलिया में आज एक दिवसीय खरीफ पूर्व कृषक गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी में क्षेत्र के किसानों को खरीफ फसलों की बेहतर पैदावार, आधुनिक कृषि तकनीक, मृदा परीक्षण और विभागीय योजनाओं की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि मांडलगढ़ विधायक रहे, जबकि अध्यक्षता भाजपा बिजौलिया मंडल अध्यक्ष ने की।
कार्यक्रम में विधायक गोपाल खंडेलवाल ने कहा कि खेती में वैज्ञानिक तकनीकों को अपनाने से उत्पादन और आय दोनों में वृद्धि की जा सकती है। उन्होंने किसानों से समय पर बुवाई करने, खेतों की मिट्टी की जांच करवाने तथा कृषि विभाग के विशेषज्ञों की सलाह के अनुसार उन्नत कृषि पद्धतियां अपनाने का आह्वान किया।
विधायक ने कृषि विभाग के अधिकारियों को निर्देश दिए कि सरकार की ओर से संचालित किसान हितैषी योजनाओं का लाभ प्रत्येक पात्र किसान तक पारदर्शिता के साथ पहुंचाया जाए। उन्होंने कहा कि किसानों को योजनाओं का लाभ दिलाने में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी और आवश्यकता पड़ने पर जिम्मेदारों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। गोष्ठी में विकास अधिकारी अशेष शर्मा सहित बड़ी संख्या में किसान एवं भाजपा कार्यकर्ता मौजूद रहे।
कृषि विभाग की मांगों को विधायक के समक्ष रखा
कार्यक्रम में पूर्व सहायक कृषि अधिकारी उदयलाल कोली ने विधायक के समक्ष क्षेत्र की कृषि संबंधी समस्याओं और आवश्यकताओं को रखा। उन्होंने बिजौलिया में कृषि विभाग के लिए सभा भवन निर्माण, प्रत्येक ग्राम पंचायत में कृषि पर्यवेक्षक पद स्वीकृत करने, उद्यान विभाग में सहायक कृषि अधिकारी एवं कृषि पर्यवेक्षक के पद सृजित करने, ब्लॉक स्तर पर कृषि अधिकारी पद स्वीकृत करने तथा मृदा परीक्षण प्रयोगशाला स्थापित करने की मांग रखी।
100 किसानों ने लिया भाग, अधिकारियों ने दी तकनीकी जानकारी
कृषक गोष्ठी में क्षेत्र के करीब 100 किसानों ने भाग लिया। इस दौरान कृषि विभाग के अधिकारियों ने खरीफ फसलों की तैयारी, बीज चयन, खाद एवं उर्वरक प्रबंधन, कीट नियंत्रण तथा सरकारी योजनाओं के बारे में किसानों को जानकारी दी।
विधायक ने पौधारोपण कर दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
कृषक गोष्ठी के बाद विधायक गोपाल खंडेलवाल ने पंचायत समिति प्रांगण में "एक पेड़ मां के नाम" महाअभियान के तहत पौधारोपण किया। उन्होंने पर्यावरण संरक्षण का संदेश देते हुए अधिक से अधिक पौधे लगाने का आह्वान किया।